व्हाट्सएप की लोकप्रियता से प्रभावित होकर बद्दी यूनिवर्सिटी ने भी इस दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। यूनिवर्सिटी के छात्रों ने व्हाट्सएप जैसे पॉपुलर एंड्रॉयड एप्लीकेशन को टक्कर देने वाला कॉइन नाम से एक एंड्रॉयड एप्लीकेशन लांच किया है। इसकी खूबी यह है कि इसको चलाने के लिए इंटरनेट की जरूरत नहीं होगी। बिना इंटरनेट के भी इस एप के माध्यम से चैट कर सकेंगे।
ऑडियो और वीडियो कॉल भी कर सकेंगे। एप बनाने वाले डॉ. अजय गोयल ने बताया कि इंटरा नेटवर्क के माध्यम से यह सुविधा चालू होगी। यूनिवर्सिटी में लगे सर्वर और अन्य राउटर के माध्यम से इसे ऑपरेट करेंगे। यूनिवर्सिटी परिसर में मौजूद सभी लोग इस एप के माध्यम से कनेक्ट हो सकेंगे और निशुल्क आपस में चैट तथा कॉल कर सकेंगे।
इसे जल्द कामर्शियल इस्तेमाल के लिए लांच किया जाएगा। डॉ. गोयल ने कहा कि डिजिटल इंडिया मिशन के लिए यह एप कारगर साबित होगा। यह एप लैपटॉप से लैपटॉप और मोबाइल टू मोबाइल चैट के लिए उपयोगी साबित होगा। यूनिवर्सिटी में इस एप की लांचिंग कुलाधिपति प्रदीप श्रीवास्तव ने की है।
उनके साथ यूनिवर्सिटी के सेक्रेटरी गवर्निंग बॉडी गौरव झुनझुनवाला, वीसी डॉ. शक्ति कुमार मौजूद रहे। ये रहे टीम में शामिल: इस एप को बनाने में टीम प्रभारी डॉ. अजय गोयल, अमन कौशिक, अनूप, चिराग और अंकित ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। टीम ने करीब छह महीनों तक इस प्रोजेक्ट पर काम किया
ऑडियो और वीडियो कॉल भी कर सकेंगे। एप बनाने वाले डॉ. अजय गोयल ने बताया कि इंटरा नेटवर्क के माध्यम से यह सुविधा चालू होगी। यूनिवर्सिटी में लगे सर्वर और अन्य राउटर के माध्यम से इसे ऑपरेट करेंगे। यूनिवर्सिटी परिसर में मौजूद सभी लोग इस एप के माध्यम से कनेक्ट हो सकेंगे और निशुल्क आपस में चैट तथा कॉल कर सकेंगे।
इसे जल्द कामर्शियल इस्तेमाल के लिए लांच किया जाएगा। डॉ. गोयल ने कहा कि डिजिटल इंडिया मिशन के लिए यह एप कारगर साबित होगा। यह एप लैपटॉप से लैपटॉप और मोबाइल टू मोबाइल चैट के लिए उपयोगी साबित होगा। यूनिवर्सिटी में इस एप की लांचिंग कुलाधिपति प्रदीप श्रीवास्तव ने की है।
उनके साथ यूनिवर्सिटी के सेक्रेटरी गवर्निंग बॉडी गौरव झुनझुनवाला, वीसी डॉ. शक्ति कुमार मौजूद रहे। ये रहे टीम में शामिल: इस एप को बनाने में टीम प्रभारी डॉ. अजय गोयल, अमन कौशिक, अनूप, चिराग और अंकित ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। टीम ने करीब छह महीनों तक इस प्रोजेक्ट पर काम किया
सोजन्य अमर उजाला
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